वारासिवनी पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम नेवरगांव में 26 दिसंबर की दरमियानी रात धान चोरी की वारदात उस समय नाकाम हो गई, जब सतर्क ग्रामीणों ने दो चोरों को रंगे हाथों पकड़ लिया। यह घटना नेवरगांव हाई स्कूल ग्राउंड के पास हुई, जहां एक किसान की ट्रैक्टर-ट्रॉली में भरी धान की बोरियां चोरी की जा रही थीं। समय रहते ग्रामीणों की सजगता ने बड़ी चोरी को रोक दिया और दोनों आरोपियों को पुलिस के हवाले कर दिया गया।
रात 2 बजे हुई चोरी की कोशिश
पीड़ित किसान कंचन पारदी, निवासी नेवरगांव, ने पुलिस को बताया कि उन्होंने धान खरीदी केंद्र में स्लॉट बुक कराया था। इसी कारण वे खेत से धान काटकर प्लास्टिक बोरियों में भरकर ट्रैक्टर-ट्रॉली से घर लाए थे। घर के सामने हाई स्कूल ग्राउंड के पास ट्रॉली खड़ी की गई थी, जिसमें करीब 120 कट्टी धान भरी हुई थी। प्रत्येक बोरी में 40 से 50 किलो धान था।
रात करीब 2 बजे कंचन पारदी को ट्रॉली की ओर से आवाज सुनाई दी। जब वे बाहर निकले तो देखा कि दो युवक उनकी ट्रॉली से धान की बोरियां निकालकर पिकअप वाहन में भर रहे हैं।
ग्रामीणों की सतर्कता से पकड़े गए चोर
किसान के शोर मचाने पर मोहल्ले के लोग मौके पर पहुंच गए। चोर पिकअप लेकर भागने लगे, लेकिन ग्रामीणों ने वारासिवनी रोड पर वाहन को घेरकर रोक लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपने नाम रामप्रसाद राय और सुनील राय, निवासी चिकला बादल पार, जिला सिवनी बताए। जांच में पाया गया कि करीब 50 कट्टी धान गायब थी, जिसकी कीमत लगभग ₹45,000 आंकी गई।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
वारासिवनी पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया और न्यायालय में पेश किया। धान चोरी वारासिवनी की यह घटना ग्रामीण सतर्कता का बड़ा उदाहरण बन गई है।
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