Balaghat News: बालाघाट जिले की किरणापुर तहसील अंतर्गत ग्राम मेंडरा का सरकारी प्राथमिक स्कूल आज जर्जर स्कूल भवन की गंभीर समस्या से जूझ रहा है। स्कूल की हालत इतनी खराब हो चुकी है कि यह किसी भी समय बड़ी दुर्घटना को न्योता दे सकता है। बावजूद इसके, जिम्मेदार अधिकारियों की उदासीनता बच्चों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर रही है। ग्रामीणों और शिक्षकों का कहना है कि बीआरसी, बीओ और अन्य अधिकारी कई बार निरीक्षण के लिए आए, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी।
बरसात में पानी, दीवार गिरने का खतरा
अतिथि शिक्षकों के अनुसार बारिश के दिनों में स्कूल भवन के भीतर पानी भर जाता है और दीवारें कमजोर हो चुकी हैं। ऐसे हालात में बच्चों को पढ़ाना जोखिम से भरा है। जुलाई–अगस्त के दौरान मजबूरी में स्कूल को एक ग्रामीण दयाराम के पीएम आवास में स्थानांतरित किया गया था, लेकिन वहां जगह की कमी, बोर्ड और शैक्षणिक सामग्री के अभाव के कारण 17 बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होने लगी। इसी कारण साफ-सफाई कर फिर से बच्चों को उसी जर्जर भवन में बैठाना पड़ा।
पत्राचार और निरीक्षण, फिर भी समाधान नहीं
शिक्षकों और ग्रामीणों ने बीआरसी से लेकर कलेक्टर तक कई बार पत्राचार किया। अधिकारी आए, निरीक्षण किया, पर जर्जर स्कूल भवन की स्थिति जस की तस बनी रही। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कोई वैकल्पिक सुरक्षित भवन उपलब्ध हो जाए तो वे तुरंत बच्चों को वहां शिफ्ट कर देंगे, लेकिन मजबूरी में इसी खतरनाक इमारत में पढ़ाई करानी पड़ रही है।
प्रशासन का पक्ष और आश्वासन
इस मामले में डीपीसी ने बताया कि स्कूल की मरम्मत के लिए वार्षिक कार्य योजना में प्रस्ताव भेजा गया है। राशि मिलते ही मरम्मत कार्य कराया जाएगा। साथ ही बीआरसीसी को निर्देश दिए गए हैं कि मरम्मत होने तक बच्चों को सुरक्षित स्थान पर बैठाया जाए। स्थानीय जनप्रतिनिधियों से भी निधि उपलब्ध कराने के प्रयास जारी हैं।
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